भारतीय टीम के साथ बुकी का बवंडर

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नई दिल्ली. बुधवार को भारत और हालैंड के बीच दिल्ली के फिरोजशाह कोटला मैदान में क्रिकेट विश्वकप के ग्रुप ‘बी’ के मैच के दौरान डीडीसीए के एक अधिकारी को टीम इंडिया के ड्रेसिंग रूम में देखा गया। समाचार चैनल न्यूज-एक्स के मुताबिक प्रदीप अग्रवाल टीम इंडिया के ड्रेसिंग रूम में थे। प्रदीप अग्रवाल के बारे में बताया जाता है कि वह सट्टेबाजी से जुड़े हैं और उन पर सेक्‍स रैकेट चलाने का भी आरोप है। पर अग्रवाल ने खुद को पाक-साफ बताया है। उन्‍होंने समाचार चैनल के खिलाफ मुकदमा करने की बात कही है।

इस मामले में आईसीसी ने भी सफाई दी है। आईसीसी की एंटी करप्‍शन और सिक्‍योरिटी यूनिट (एसीएसयू) का कहना है कि प्रदीप अग्रवाल को डीडीसीए की ओर से टीम इंडिया के लिए बतौर स्‍थानीय लायजन ऑफिसर नियुक्‍त किया गया था इसी वजह से प्रदीप खिलाडियों और मैच अधिकारियों की पहुंच वाले जगह पर गए थे। एसीएसयू के जनरल मैनेजर ने कहा कि अग्रवाल के वहां जाने का भारत-नीदरलैंड से कुछ लेना देना नहीं है।

2008 में इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में दिल्ली डेयरडेविल्स और राजस्थान रॉयल्स के बीच हुए मैच के दौरान अग्रवाल को बाएं हाथ के बल्लेबाज गौतम गंभीर के साथ बतियाते देखा गया था। अग्रवाल उस समय दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) के जूनियर सदस्य था। लेकिन अब वह आईसीसी विश्वकप के लिए डीडीसीए के मीडिया समन्वयक बनकर वापस लौटा जिससे उसकी भारतीय टीम के ड्रेसिंग रूम तक पहुंच हो गई।

प्रदीप अग्रवाल ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए दावा किया कि वे मैच फिक्सर नहीं हैं। अग्रवाल ने कहा कि संबंधित समाचार चैनल के खिलाफ मुकदमा करने जा रहे हैं। प्रदीप अग्रवाल ने कहा कि वह भारतीय टीम के मैनेजर रंजीब बिस्वाल की इजाजत से ड्रेसिंग रूम में थे। अग्रवाल का कहना है कि वह डीडीसीए की अकाउंट कमिटी के सदस्य और टूर ऑर्गनाइजिंग कमिटी के समन्वयक हैं। उनका यह भी कहना है कि वह डीडीसीए से पांच साल से जुड़े हुए हैं।

उधर, आईसीसी ने कहा है कि वह इस मामले की तह तक जाने के लिए जांच करेगी। आईसीसी के प्रवक्ता ने खबर दिखाने वाले चैनल न्यूज-एक्स से यह बात कही। वहीं, दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) के मीडिया मैनेजर रवि जैन ने इस मुद्दे पर किसी टिप्पणी से इनकार किया, लेकिन यह भी कहा कि वह इस मामले में जल्द ही एक जांच समिति का गठन करेंगे। वहीं, डीडीसीए के सीनियर सदस्य समीर बहादुर ने माना है कि अग्रवाल एक कुख्यात सट्टेबाज है और उसे डीडीसीए में नहीं घुसने देना चाहिए। उन्होंने कहा कि मैं जानता हूं कि वह सट्टेबाज और एक फिक्सर है। लेकिन डीडीसीए में भी कई लोग ऐसे हैं जिनकी दागी पृष्ठभूमि है। इस तरह के लोग डीडीसीए का नाम खराब करते हैं। लेकिन डीडीसीए का एक वर्ग इन्हें शह भी दे रहा है। डीडीसीए की क्रिकेट इम्प्रूवमेंट समिति के सदस्य और पूर्व भारतीय क्रिकेटर कीर्ति आजाद ने कहा कि मैं उन लोगों को जानता हूं जो अग्रवाल की मदद कर रहे हैं। मैं वादा करता हूं कि अग्रवाल और उस जैसे अन्य लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

जयवर्द्धने और समरवीरा पर भी उठ चुकी है उंगली
श्रीलंका के स्थानीय टीवी चैनल के दो कमेंटेटरों ने मैच के सीधे प्रसारण के दौरान ही श्रीलंका टीम के पूर्व कप्तान जयवर्द्धने और समरवीरा पर फिक्सिंग के आरोप लगाए थे। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए श्रीलंका बोर्ड संबंधित चैनल के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने पर विचार कर रहा है। पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर और कप्तान राशिद लतीफ ने कुछ दिनों पहले ऑस्ट्रेलिया और जिंबाब्वे के बीच हुए मैच के दौरान ऑस्ट्रेलियाई टीम के शुरुआती दो ओवरों में महज पांच रन बनाए जाने पर शक जताते हुए कहा कि विश्व कप के लीग मैचों में स्पॉट फिक्सिंग की काफी गुंजाइश है। इस मामले में आईसीसी ने राशिद लतीफ के बयान पर आपत्ति जाहिर करते हुए कहा था कि बिना किसी सुबूत के सिर्फ आरोप लगाना सही नहीं है। आईसीसी के सीईओ हारून लॉर्गट ने कहा था कि ऑस्ट्रेलिया-जिंबाब्वे मैच में स्पॉट फिक्सिंग का आरोप बेबुनियाद है।

Posted on Mar 11th, 2011
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Posted in :  खेल्र     
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